बिहार विधानसभा चुनाव 2025: युवाओं को लुभाने में जुटे राजनीतिक दल, डिजिटल प्रचार बना सबसे बड़ा हथियार

न्यूज़ डेस्क पटना :

डिजिटल रणनीति पर फोकस

बिहार विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही राजनीतिक दलों ने Gen-Z (युवा वर्ग) को साधने के लिए डिजिटल प्रचार में पूरी ताकत झोंक दी है। भागलपुर की सातों विधानसभा क्षेत्र के मौजूदा विधायक और भावी प्रत्याशी अपनी पीआर टीम के जरिए इंटरनेट मीडिया पर युवा मतदाताओं से जुड़ने की कोशिश कर रहे हैं।

2020 के मुकाबले प्रचार का बदलता स्वरूप

2020 की तुलना में इस बार सोशल मीडिया पर प्रचार का स्वरूप पूरी तरह बदल गया है। इंस्टाग्राम, एक्स (ट्विटर) और फेसबुक की बढ़ती पहुंच ने चुनावी दिशा तय करने में नई भूमिका निभाई है। अब 15-20 सेकंड की रील्स, ट्रेंडिंग मीम्स, वायरल हैशटैग और डिजिटल विज्ञापन ही चुनावी माहौल बदल रहे हैं।

युवाओं की पसंद पर आधारित कंटेंट

पीआर टीम अब रणनीति बना रही है कि किस विधानसभा क्षेत्र में किस समय कौन-सा संदेश या वीडियो डाला जाए। युवाओं की रुचि के मुताबिक हर डेढ़-दो महीने में नए ट्रेंड अपनाए जा रहे हैं।
मुख्य मुद्दे –

  • शिक्षा और रोजगार

  • बेरोजगारी और स्टार्टअप

  • खेल और मानसिक स्वास्थ्य

  • डिजिटल स्किल डेवलपमेंट

  • परीक्षा तैयारी और किसानों की समस्या

रील्स और मीम्स बने चुनावी हथियार

चुनावी प्रचार से जुड़े विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले चुनाव में जहां फेसबुक पोस्ट और टेली-कॉलिंग पर ज्यादा जोर था, वहीं अब छोटे वीडियो, इन्फोग्राफिक और लाइव सेशन युवाओं को सीधा कनेक्ट कर रहे हैं। ट्रेंडिंग गानों और मीम्स की भाषा से माहौल को प्रभावित किया जा रहा है।

प्रत्याशियों की रणनीति

जनसुराज से जुड़े एक संभावित प्रत्याशी ने बताया कि उनकी पीआर टीम विधानसभा क्षेत्र के शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और किसानों की समस्याओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उठाकर मतदाताओं से सीधा संवाद कर रही है।

See also  दिन में सस्ती, शाम में महंगी होगी बिजली

डिजिटल प्रचार पर खर्च

डिजिटल प्रचार पर लाखों रुपये खर्च हो रहे हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक चुनाव से मतगणना तक का डिजिटल प्रचार पैकेज लाखों से शुरू होकर करोड़ों तक जाता है

  • एक दिन के कंटेंट पर लगभग 7-8 हजार रुपये खर्च होते हैं।

  • सही समय पर सही संदेश देने से युवा मतदाताओं का विश्वास जीता जा सकता है।

  • यही 2025 विधानसभा चुनाव की सबसे बड़ी चुनावी कुंजी मानी जा रही है।

Ayush Mishra

journalist

Related Posts

खान सर फायरिंग मामले में पुलिस की कार्रवाई, कोचिंग संस्थानों की प्रतिस्पर्धा पर सरकार सख्त

पटना। बिहार की राजधानी पटना में चर्चित शिक्षाविद और यूट्यूबर फैसल खान, जिन्हें छात्र समुदाय में “खान सर” के नाम से जाना जाता है, हाल ही में हुए फायरिंग और…

Read more

वित्त वर्ष 2025-26 में 7.7% GDP वृद्धि का अनुमान, भारतीय अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूत रफ्तार

नई दिल्ली। भारतीय अर्थव्यवस्था ने एक बार फिर अपनी मजबूती का परिचय दिया है। वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही में देश की सकल घरेलू उत्पाद (GDP) वृद्धि दर 7.7…

Read more

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed

खान सर फायरिंग मामले में पुलिस की कार्रवाई, कोचिंग संस्थानों की प्रतिस्पर्धा पर सरकार सख्त

खान सर फायरिंग मामले में पुलिस की कार्रवाई, कोचिंग संस्थानों की प्रतिस्पर्धा पर सरकार सख्त

महाराष्ट्र में जन्म के समय लिंगानुपात चिंता का विषय, सुधार के बावजूद राष्ट्रीय औसत से पीछे

महाराष्ट्र में जन्म के समय लिंगानुपात चिंता का विषय, सुधार के बावजूद राष्ट्रीय औसत से पीछे

वित्त वर्ष 2025-26 में 7.7% GDP वृद्धि का अनुमान, भारतीय अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूत रफ्तार

वित्त वर्ष 2025-26 में 7.7% GDP वृद्धि का अनुमान, भारतीय अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूत रफ्तार

विश्व पर्यावरण दिवस 2026: प्रकृति को बचाने का संकल्प लेने का दिन

विश्व पर्यावरण दिवस 2026: प्रकृति को बचाने का संकल्प लेने का दिन

मुजफ्फरपुर के निजी अस्पताल में भीषण आग, ICU में भर्ती 5 मरीजों की मौत, कई घायल

मुजफ्फरपुर के निजी अस्पताल में भीषण आग, ICU में भर्ती 5 मरीजों की मौत, कई घायल

मारुति सुजुकी ने पेश की भारत की पहली फ्लेक्स-फ्यूल कार, एथेनॉल आधारित तकनीक से मिलेगी नई दिशा

मारुति सुजुकी ने पेश की भारत की पहली फ्लेक्स-फ्यूल कार, एथेनॉल आधारित तकनीक से मिलेगी नई दिशा